सूरह Al-Kafirun

سورة الكافرون

क़ुरआन की 114 सूरतों में 109वीं, मक्की, 6 आयतें। उस्मानी लिपि में पूरा अरबी पाठ (हफ़्स अन आसिम) और हिंदी अनुवाद।

#109मक्की6 आयतें
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सूरह संख्या
109
आयतें
6
अवतरण
मक्की
पारा
30
मुसहफ़ के पृष्ठ
603

सुनें · Mishary Rashid Alafasy

بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ

قُلْ يَٰٓأَيُّهَا ٱلْكَٰفِرُونَ ﴿١﴾

1(ऐ रसूल) तुम कह दो कि ऐ काफिरों

لَآ أَعْبُدُ مَا تَعْبُدُونَ ﴿٢﴾

2तुम जिन चीज़ों को पूजते हो, मैं उनको नहीं पूजता

وَلَآ أَنتُمْ عَٰبِدُونَ مَآ أَعْبُدُ ﴿٣﴾

3और जिस (ख़ुदा) की मैं इबादत करता हूँ उसकी तुम इबादत नहीं करते

وَلَآ أَنَا۠ عَابِدٌۭ مَّا عَبَدتُّمْ ﴿٤﴾

4और जिन्हें तुम पूजते हो मैं उनका पूजने वाला नहीं

وَلَآ أَنتُمْ عَٰبِدُونَ مَآ أَعْبُدُ ﴿٥﴾

5और जिसकी मैं इबादत करता हूँ उसकी तुम इबादत करने वाले नहीं

لَكُمْ دِينُكُمْ وَلِىَ دِينِ ﴿٦﴾

6तुम्हारे लिए तुम्हारा दीन मेरे लिए मेरा दीन

क़ुरआन का पाठ: तंज़ील प्रोजेक्ट (tanzil.net), उस्मानी लिपि, हूबहू प्रति, CC BY 3.0। अनुवाद: सुहेल फ़ारूक़ ख़ान और सैफ़ुर्रहमान नदवी।

सूरह Al-Kafirun में कितनी आयतें हैं?

सूरह Al-Kafirun में 6 आयतें हैं।

सूरह Al-Kafirun मक्की है या मदनी?

सूरह Al-Kafirun मक्की सूरह है, मुसहफ़ के क्रम में 109वीं।

सूरह Al-Kafirun किस पारे में है?

सूरह Al-Kafirun पारा 30 में है, मदीना मुसहफ़ के पृष्ठ 603 पर।